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अशोक गहलोत जी राजनीति के विनम्र जादूगर

अशोक गहलोत जी भारतीय राजनीति का एक ऐसा है जो आपको राजनीति में विश्वास करने पर मजबूर करता है और किसी भी जगह पर अपनी पहचान बनाने के लिए आपको उन सब लोगों से लड़ना पड़ता है जो आपसे ज्यादा शातिर है माहिर है और आप को मात देने की फिराक में रहते हैं| अशोक गहलोत जी विनम्र रहते हुए भी लोगों को करारा जवाब देने में सक्षम है जो राजनीति के धुरंधर खिलाड़ी होने का दावा करते हैं इसीलिए जब शांति से और विनम्रता से और सही तरह की कूटनीति से बात को कहीं जाए तो अच्छे-अच्छे धुरंधर खिलाड़ी अशोक गहलोत जी के सामने पानी भरते नजर आते हैं|

 अशोक गहलोत जी ने राजनीति की शुरुआत बहुत कम उम्र की और अनुभव का और परिस्थितियों का फायदा उठाते हुए हर परिस्थिति से निपटने का हुनर सीखा जो कि इस काम के लिए जरूरी है|  अशोक गहलोत लोग आसानी से जुड़ जाते हैं जो कि गरीब है और जो उम्मीद करते हैं कि हम गरीबी से ऊपर उठकर अपना एक मुकाम बनाएँगे क्योंकि अशोक गहलोत खुद खुद साधारण परिवार से आते हैं और उनका सामाजिक व आर्थिक इतिहास इस बात का गवाह है कि वह एक साधारण रूप में साधारण परिवार में पैदा होने के बावजूद भी अपने हुनर ईमानदारी सच्चाई और मेहनत के आधार पर और उसके साथ उन लोगों के साथ खड़े रहे जिन्होंने उनको राजनीति में उतारा और जिन्होंने उनको राजनीति में सब कुछ सिखाया|

 यही कारण है कि आज अशोक गहलोत भारतीय राजनीति का एक ऐसा चेहरा है जो किसी भी परिस्थिति में अपने आप को निकाल के कामयाब होने का हुनर हुनर सिखा देता है| अशोक गहलोत जी राजनीति के उतावले पर और नासमझी का करारा जवाब है जो सोचते हैं कि थोड़े से समय में इधर उधर की उथल-पुथल मचा के हम राजनीति को अपने पक्ष में और फायदे के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं

अगर हमें अपने देश के लिए कुछ करना है और लोगों की सेवा करनी है तो ईमानदारी से अगर आप राजनीति में आते हैं और अपने काम के प्रति ईमानदार रहते हैं तो राजनीति हमारे देश का सबसे सशक्त माध्यम है जिससे आप लोगों की सेवा बहुत अच्छी तरह से कर सकते हैं कहने का तात्पर्य यह है कि जब आपको लगता है कि बच्चों को स्कूल जाने के लिए सड़क नहीं है आप 10 दिन में सड़क बना कर छोड़ सकते हैं स्कूल नहीं है अस्पताल नहीं है बूढ़ी औरतों की देखभाल के लिए कोई आश्रम नहीं है और समाज के पीड़ित लोगों के लिए जो सुविधाएँ उपलब्ध नहीं है और कुछ ही दिनों में कुछ ही महीनों में आकर के लोगों को दे सकते हैं|

 जहां से सारी परेशानियों की जहां से सारी परेशानियों की जहां से सारी परेशानियों का खात्मा होता है राजनीति है और इसीलिए कहा है कि राजनीति देश को बढ़ाने का सबसे सशक्त माध्यम है परंतु कुछ लोग राजनीति में आ जाते हैं जो कि अपने फायदे के लिए जो अपने निजी फायदे के लिए राजनीति में आ जाते हैं और यह सोच कर के कि इसमें एक कांटेक्ट बनाने का ज़मीन खरीदने का या पैसा बचाने का या लोगों को अपने लिए काम में लेने का एक अच्छा माध्यम है और ऐसे ही लोग राजनीति में राजनीति को खराब करते हैं और लोगों का विश्वास खत्म करते हैं

उनको लगता है कि एक बार राजनीति में टिकट मिल गया एक बार चुनाव लड़ने को मिल गया तो जिंदगी की सारी परेशानियां दूर हो जाएगी | एक बार अगर टिकट मिल गया तो उसके बाद कांटेक्ट बना लेंगे ज़मीन ख़रीद लेंगे और कुछ भी किया जा सकता है क्योंकि राजनीति एक और सामाजिक सेवा नहीं बल्कि  ऐसा व्यापार है व्यापार है जो कि 5 साल में जिंदगी के 60 साल की तकलीफ़ दूर कर देता है और यही सोच रखने वाले राजनीति में जब आते हैं तो कामयाब होने के बजाय अभी उनको मिलती है ऐसे ही लोग उन लोगों को आने से भी रोकते हैं जो ईमानदार है सच्चे हैं और इस संस्था का अच्छी तरह से लोगों के फायदे में इस्तेमाल करना चाहते हैं|

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